पत्थर को पूजने वाले इंसानो के भारत मे भगवान तो मिल सकते है पर इंसान का मिलना मुश्किल है.....

पत्थर को पूजने वाले इंसानो के भारत मे भगवान तो मिल सकते है पर इंसान का मिलना मुश्किल है.....

आजादी के बाद कोंग्रेस ने गांधी,नेहरू,इंदिरा,राजीव गांधी की मूर्तियों पर ना जाने कितने हजार करोड़ रुपये खर्च किये होंगे उसका हिसाब लगाना मुश्किल है।पर ताजा जानकारी के अनुसार उत्तरप्रदेश में 4000 करोड़ की पत्थर की मूर्तियां बनी थी तथा गुजरात मे 3000 करोड़ की मूर्ति सरदार पटेल की बनी है।

भारत की कुल आबादी 130 करोड़ के लगभग तो यूपी की आबादी 20 करोड़ के लगभग होगी,यदि यूपी के 20 करोड़ लोगों में 4000 हजार करोड़ रुपये बांट दिए जाते तो प्रत्येक इंसान को 20 करोड़ रुपये मिलते,यदि  पूरे देश के 130 करोड़ लोगों में उपरोक्त 3000 करोड़ प्लस 4000 हजार करोड़ यानी 7000 हजार करोड़ रुपये दिए जाते तो प्रत्येक इंसान को लगभग साढ़े चार से पांच करोड़ रुपये नगद मिल जाते,ना देश मे कोई गरीब होता ना बेरोजगारी भत्ता देना होता ना किसान का कर्जा माफ करना पड़ता ना किसान को आत्म दाह करना पड़ता ना ही भारत देश का कोई इंसान गरीब, दलित, पिछड़ा, अति पिछड़ा होता और ना ही आरक्षण रूपी आग में भारत बारबार जलता।

 मेरा भारत महान, या भारत को चलाने वाले इंसान..बेईमान...???